21 फ़रवरी 2018

"मैं अपने पिता को मारने वाली हूँ।" बेथ मेलोन (जून 2017 टेड)


मैं कुछ सोच विचार कर रही हूँ। मैं अपने पिता को मारने वाली हूँ। मैंने अपनी बहन को बुलाया।



"सुनो, "मैं कुछ सोच विचार कर रही हूँ।, मैं पिता जी को मारने वाली हूँ। मैं उसे ओरेगन ले जा रही हूँ कुछ अफ़ीम ढूंढ़ने वाली हूँ, और उन्हें देने वाली हूँ।


मेरे पिताजी को मनो विक्षिप्तता/उन्मत्तता है, या एफ.टी.डी। यह भ्रामक बीमारी लोगों को उनके 50 या 60 के दशक में होती है। यह पूरी तरह से किसी के व्यक्तित्व को बदल सकता है, उन्हें पागल व हिंसक बनाते हुए भी। मेरे पिताजी एक दशक से बीमार हैं, लेकिन तीन साल पहले वे वास्तव में बीमार हो गए , और हमें उन्हें अपने घर से बाहर ले जाना पड़ा - वह घर जिसमें मैं बड़ी हुई, वह घर जिसे उन्होंने अपने हाथों से बनाया। अस्वाभाविक स्वर गायन आवाज के साथ मेरे हृष्ट-पुष्ट, शांत पिताजी को सुविधा केन्द्र में चौबीस घण्टे देखभाल हेतु जाना था जब वे सिर्फ 65 वर्ष के थे।



पहले मेरी माँ, बहनों और मैंने गलती की उसे एक नियमित नर्सिंग होम में डालने की। यह वास्तव में सुंदर था; यहाँ आलीशान कालीन था और दोपहर की कला कक्षाएं और डियान नामक एक कुत्ता। लेकिन फिर मुझे एक फोन आया।



"सुश्री मैलोन, हमने आपके पिता को गिरफ्तार कर लिया है।"



"क्या?"



"अच्छा, उसने सब को छुरी-काँटे से धमकी दी व फिर उसने झटका दे कर दीवार से पर्दे खींचे, व फिर उसने पौधे खिड़की से बाहर फैंकने कोशिश की। और हाँ फिर उसने सभी वृद्ध महिलाओं को उनकी पहियेदार कुर्सी से बाहर को खींच लिया।"



"सभी वृद्ध महिलाओं को?"





"कैसा चरवाहा !"







उनके वहाँ से बाहर निकाले जाने के बाद , हम उन्हें कुछ सरकारी सुविधा केन्द्रों में उछालते रहे विशेष कर मनो विक्षिप्तता/उन्मत्तता वाले लोगों के लिए उपचार केंद्र ढूंढने से पहले। सबसे पहले, वह उन्हें किसी तरह पसंद आया, पर समय के साथ उनका स्वास्थ्य गिरा, और एक दिन मैं अंदर चली गई और उन्हें एक पीस कपड़े की पोषाक पहने ज़मीन पर कुबड़े बैठे पाया ऐसी पोषाक जिसकी ज़िप पीछे होती है। मैंने उसे एक घंटे भर देखा जब उन्होंने उसे झटके से खींचा, इस चीज़ से बाहर निकलने का प्रयास करते हुए। और यह व्यावहारिक माना जाता है, पर मुझे यह एक सीधे जैकेट की तरह लग रहा था। और इसलिए मैं बाहर भागी मैंने उन्हें वहां छोड़ दिया। मैं अपने ट्रक में बैठ गई - उनका पुराना ट्रक - उसके ऊपर झुकी हुई, यह असली गहन कंठ्य ध्वनी क्रंदन मेरे पेट के अंदर से निकलता हुआ। मुझे विश्वास नहीं था कि मेरे पिताजी, मेरी जवानी के सौन्दर्य देव , मेरे असली प्रिय मित्र, सोचेंगे कि इस प्रकार का जीवन अब और जीने के लायक था।



हम उत्पादकता को प्राथमिकता देने के लिए कार्यक्रमबद्ध हैं। तो जब एक व्यक्ति - इस मामले में एक सौन्दर्य देव - अब उत्पादक नहीं है जिस तरह से हम उससे होने की उम्मीद करते हैं, जिस तरह वह खुद होने की उम्मीद करता है ऐसे जीवन का क्या मूल्य बचा है? उस दिन ट्रक में, सभी जो मैं सोच पाई वह यह था कि मेरे पिताजी पर अत्याचार किया जा रहा था और उनका शरीर उस यातना का पोत था। मुझे उस शरीर से बाहर निकालना होगा मुझे उन्हें उस शरीर से बाहर निकालना है; मैं पिताजी को मारने वाली हूँ।



मैं बहन को फोन करती हूँ।



"बेथ," उसने कहा। "तुम अपने बाकी के जीवन में जीना नहीं चाहती इस सोच से कि तुमने अपने पिता को मारा। और मुझे लगता है कि तुम कैद हो जाओगी, क्योंकि वह इसे रद्द नहीं कर सकता। और तुम यह भी नहीं जानती कि अफ़ीम कैसे खरीदोगी। "






यह सच है, मैं नहीं जानती।



 सच है हम उनकी मृत्यु बारे बहुत बात करते हैं। यह कब होगी? यह कैसी होगी? लेकिन मैं चाहती हूं कि हम मृत्यु बारे बात करते जब हम सभी स्वस्थ होते हैं। मेरी सबसे अच्छी मौत कैसी दिखती है? तुम्हारी सबसे अच्छी मौत कैसी दिखती है? पर मेरे परिवार को वह करने का नहीं पता था। और मेरी बहन सही थी। मुझे अफ़ीम से पितृ हत्या नहीं करनी चाहिए, पर मुझे उन्हें उस शरीर से बाहर निकालना है।



तो मैं एक मनौवैज्ञानिक के पास गई। और फिर एक पुजारी, और फिर एक समर्थन समूह, और उन सबने एक ही बात कही: कभी-कभी लोग अड़े रहते हैं जब वे प्रियजनों बारे चिंतित होते हैं। बस उन्हें बताओ आप सुरक्षित हैं, व जबआप तैयार हो, जाना चाहो, तो जाओ।



तो मैं पिताजी को देखने गई। उन्हें एक पीस कपड़े की पोषाक पहने ज़मीन पर कुबड़े बैठे पाया। वह मेरे पीछे घूर रहे थे और सिर्फ जमीन की तरफ देखने की तरह मैंने उन्हें  शराब दी व बस ऐसे ही बात करना शुरू किया किसी विशेष मुद्दे पर नहीं, लेकिन जैसा कि मैं बात कर रही थी, उसने  छींक मारी। और छींक -से शरीर को सीधे झटका लगा, जिससे वे थोड़ा सा जीवंत हो गए। और वे केवल पीते व छींकते रहे तथा पुनः पुनः उत्साहित होते रहे जब तक यह बंद नहीं हुआ। और मैंने सुना, "हेहेहेहेह ..., हेहेहेहेह ... यह बहुत शानदार है यह बहुत शानदार है।"


उनकी आँखें खुली थीं और वे मुझे देख रहे थे, और मैंने कहा, "नमस्ते, पिताजी!" और उन्होंने कहा, "नमस्ते, बेथ।" व मैंने उन्हें बताने हेतु मुंह खोला, ठीक? "पिताजी, यदि आप मरना चाहते हैं, तो आप मर सकते हैं। हम सब ठीक हैं। " पर जैसे मैंने अपना मुंह बताने को खोला, सब जो मैं कह सकी, "पिताजी! मुझे आप की याद आती है।" व फिर उन्होंने कहा, "अच्छा, मैं भी तुम्हें याद करता हूं।" और फिर मैं बस बैठ  गई क्योंकि मैं सिर्फ असमञ्जस में हूँ।



तो मैं बैठ  गई और मैं उनके साथ वहां बैठ गई क्योंकि वे लंबे समय में पहली बार एक तरह से ठीक लगे। और मैंने उनके हाथों को याद किया, आभार महसूस करते हुए लग रहा है कि उनकी आत्मा अभी भी उनके शरीर में थी। और उस पल मुझे एहसास हुआ मैं इस व्यक्ति के लिए ज़िम्मेदार नहीं हूँ मैं उसकी डॉक्टर नहीं हूँ, मैं उसकी माँ नहीं हूँ, मैं निश्चित रूप से उनका भगवान नहीं हूँ, और शायद उनकी और मेरी मदद करने का सबसे अच्छा तरीका पिता और बेटी की हमारी भूमिकाओं को फिर से शुरू करना है।



और इसलिए हम बस वहाँ बैठे, शांत और चुप जैसे हमने हमेशा किया है। कोई भी उत्पादक नहीं था हम दोनों अभी भी मजबूत हैं।



"ठीक है, पिताजी, मैं जा रही हूँ, पर मैं आपको कल मिलूँगी। "



"ठीक है," उन्होंने कहा। "तुम मेरी सबसे मूल्यवान सम्पत्ति हो । "



धन्यवाद।

(बेथ मेलोन ने जून 2017 में टेड रेसीडेंसी में यह लाइव दर्शकों से बात करते हुए रिकॉर्ड किया था )

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